मंगलवार, 10 अप्रैल 2012

निवेशकों के लिए अच्‍छी खबर .. शेयर बाजार की स्थिति में सुधार होना चाहिए !!

9 अप्रैल 2012 को इस हफ्ते के पहले कारोबारी दिन में एशियाई बाजारों में जारी मुनाफावसूली के असर से भारतीय शेयर बाजारों में गिरावट दे्खने को मिला। लगभग डेढ महीने की गिरावट के बाद पिछले सप्‍ताह ही बाजार में कुछ तेजी देखने को मिली थी। पर कल पुन: विदेशी कोषों की लगातार बिकवाली से शेयर बाजार का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स 263.88 अंकों की गिरावट के साथ 17,222.14 पर और निफ्टी 88.50 अंकों की गिरावट के साथ 5,234.40 पर बंद हुआ। इस कारण अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये में तेज गिरावट देखने को भी मिली। दरअसल अर्थव्यवस्था की हालत खराब होने और सरकार के आर्थिक सुधारों की ओर कदम न उठाने से विदेशी निवेशकों का बाजार पर भरोसा कम हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक आर्थिक मंदी की आशंका, मुद्रास्फीति के साथ घरेलू दिक्कतों, सुधारवादी उपायों की कमी और रुपये में गिरावट के चलते विदेशी निवेशकों ने पिछले वर्ष सतर्कता का रुख अपनाया।

अब वित्त वर्ष 2012 की चौथी तिमाही के नतीजे आने का सिलसिला शुरू होगा। इन नतीजों से बाजार की चाल पर थोड़ा असर देखने को मिल सकता है। बाजार की नजर क्रेडिट पॉलिसी और मॉनसून के अनुमानों पर बनी रहेगी। कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि सरकार की नीतियां साफ न होने, अर्थव्यवस्था की रफ्तार धीमी पड़ने और जीएएआर की वजह से एफआईआई निवेश में 50 फीसदी की गिरावट आ सकती है। इस कारण वित्त वर्ष 2013 में बाजार का प्रदर्शन खास नहीं रहेगा और निवेशकों को ज्यादा रिटर्न मिलने की उम्मीद नहीं रखनी चाहिए। निवेशकों को सेक्टर या किसी खबर के भरोसे न रहकर कुछ चुनिंदा शेयरों में पैसे लगाना चाहिए।

पर ‘गत्‍यात्‍मक ज्‍योतिष’ के सिद्धांतों की माने , तो आने वाले दिनों में ग्रहों की स्थिति शेयर बाजार के पक्ष में दिखती है। इसके अनुसार लगभग 10 या 11 अप्रैल तक ही बाजार में गिरावट मानी जा सकती है। 11 अप्रैल के बाद आने वाले दो तीन महीनों में शेयर बाजार में बडी बढत और छोटी गिरावट ही देखी जा सकती है , यानि कभी कभी करेक्‍शन के बावजूद सेंसेक्‍स और निफ्टी का ग्राफ बढते क्रम में बना रहना चाहिए। ईसीबी के नकदी प्रवाह की की वजह से यूरोप के हालात में सुधार, ब्याज दरों में सकारात्मक और वैल्यूएशन बाजार में अच्छी स्थिति बना सकते हैं। जुलाई अगस्‍त 2012 में ही अब बाजार के कुछ कमजोर होने की गुंजाइश दिखती है , यह निवेशकों के लिए अच्‍छी खबर है।

3 टिप्‍पणियां:

केवल राम : ने कहा…

निवेशकों को इसका लाभ लेना चाहिए ......! आपकी इस सलाह पर अमल करना चाहिए ...!

भारतीय नागरिक - Indian Citizen ने कहा…

जल्दी से अठारह हजार पार करे.

मनोज कुमार ने कहा…

चकिये ये तो ठीक ही है। हम तो निवेश करते ही नहीं।